दोस्ती शायरी



ना जाने कौनसी, दौलत हैं..!दोस्तों के ,लफ़्जों में..!
बात करते है तो.!दिल ही खरीद लेते हैं


कौन होता है दोस्त? दोस्त वो जो बिन बुलाये आये, बेवजह सर खाए, 
जेब खाली करवाए, कभी सताए, कभी रुलाये, मगर हमेशा साथ निभाए..


दोस्ती का शुकि्या कुछ इस तरह अदा करू,
आप भूल भी जाओ तो मै हर पल याद करू,
खुदा ने बस इतना सिखाया मूझे,
कि खुद से पहले आपके लिए दुआ करू


भूलना चाहो तो भी याद हमारी आएगी,
दिल की गहराई मे हमारी तस्वीर बस जाएगी.
ढूढ़ने चले हो हमसे बेहतर दोस्त,
तलाश हमसे शुरू होकर हम पे ही ख़त्म हो जाएगी.


ऐ दोस्त जिदगी भर मुझसे दोस्ती निभाना,
दिल की कोई भी बात हमसे कभी ना छुपाना,
साथ चलना मेरे दुख सुख मे,
भटक जाऊ मै कभी तो सही रास्ता दिखलाना।.


किस्मत वालों को ही मिलती है पनाह दोस्तों के दिल में, 
यूँ ही हर शख्स जन्नत का हक़दार नहीं होता…............


लिखते लिखते आज हाथ रुक से गए , कुछ लम्हे याद आये कुछ भूल से गए , 
जो साथ ना होकर भी साथ हो हमारे , ऐसे दोस्त कहाँ खो से गए


उम्र नही जो ढाल जाए, सफार नही जो काट जाए,
यह तो वो एहसास है,
जिसके लिए जिया जाए तो ज़िंदेगी भी कम पाड़ जाएे.


बिछड़ के मुझसे तुम अपनी कशिश ना खो देना,
उदास रहने से चेहरा खराब होता है...


मॅन में आपकी हर बात रहेगी,
बस्ती छ्होटी है मगर आबाद रहेगी,
चाहे हम भुला दें ज़माने को,
मगर आपकी ये प्यारी दोस्ती हमेशा याद रहेगी!



तेरी दोस्ती में खुद को महफूज़मानते हैं,
हम दोस्तों में तुम्हे सबसे अज़ीज़ मानते हैं.
तेरी दोस्ती के साए में ज़िंदा हैं,
हम तो तुझे खुदा का दिया हुआ ताबीज़ मानते हैं.


रिश्तो की दुनिया हैं निराली,
सब रिश्तो से प्यारी हैं दोस्ती हमारी
मंजूर हैं आँसू भी आँखो मे हमारी
अगर आ जाए मुस्कान होतो पे तुम्हारी…..


कुछ बदली हुई तक़दीर नज़र आती है,
दूर तक याअदों की ज़ंजीर नज़र आती है,
मे पढ़ु तो क्या पढ़ु दोस्त,
हर पँहे पर तेरी तस्वीर नज़र आती है.

   
एक दिन दोस्ती पर एक किताब लिखेंगे,
दोस्तो के साथ गुज़री हर बात लिखेंगे,
जब बताना हो के दोस्त कैसे होते हैं,
तुम्हे सोच-सोच कर हर बात लिखेंगे.



एक रात रब ने मेरे दिल से पूछा,
तू दोस्ती मे इतना क्यो खोया है,
तब दिल बोला दोस्तो ने ही दी है सारी खुशिया,
वरना प्यार करके तो दिल हमेशा रोया है.


खुदा ने दोस्त को दोस्त से मिलाया
दोस्तों के लिए दोस्ती का रिस्ता बनाया
पर कहते है दोस्ती रहेगी उसकी कायम
जिसने दोस्ती को दिल से निभाया…


दोस्तो की कमी को पहचानते हैं हम.
दुनिया के घामों को भी जानते हैं हम.
आप जैसे दोस्तो के ही सहारे.
आज भी हास कर जीना जानते है हम…


हम दोस्तो को जान समझते है….
हम दोस्तो को हमराह समझते है…
दोस्त हमे बेवफा समझे तो क्या हुवा…
हम दोस्तो की परचाए बनाते है…


इन आँखो से सपने चुराया ना करो
हमारी दोस्ती को आज़माया ना करो,
तुम्हारी एक हसी मेरी दिल की धड़कन है
उन्हे यु ना आँसुओ में गवाया करो…


ऐसा नही की आपकी याद आती नही,
ख़ता सिर्फ़ इतनी है के हम बताते नही,
दोस्ती आपकी अनमोल है हमारे लिए,
समझते हो आप, इसीलिए हम जताते नही


तुझे देखे बिना तेरी तस्वीर बना सकता हूँ,
तुझसे मिले बिना तेरा हाल बता सकता हूँ,
है मेरी दोस्ती में इतना दम,
तेरी आँख का आँसू आपनी आँख से गिरा सकता हूँ


जब से जाना, तब से जाना,
क्या होता है याराना,
नाज़ुक रिश्ता है इतना जाना,
मुश्किल है इश् रिश्ते को निभाना


आए दोस्त गम ना कर
तकदीर बदलती रहती है
शीशा शीशा ही रहता है
तस्वीर बदलती रहती है...


जज़्बातों के रौशनाई से यह क़लम लिखा है
ये दोस्त तुझ को ये पेगाम लिखा है
क़ुरबान जाऊ इस मिज़ाज-ए-शायरने पे
तेरी उम्दा शायरी पे तुझको सलाम लिखा है


रिश्तों से बड़ी चाहत और क्या होगी;
दोस्ती से बड़ी इबादत और क्या होगी;
जिसे दोस्त मिल सके कोई आप जैसा;
उसे ज़िंदगी से कोई और शिकायत क्या होगी।


ज़िंदगी नहीं हमे दोस्तों से प्यारी,
दोस्तों पे हाज़िर है जान हमारी,
आँखों में हमारी आसू है तो क्या,
जान से भी प्यारी है मुस्कान तुम्हारी


दर्द उनको जब भी हुआ...
हमको बेक़ारारी रही
वो चाहे जो नाम दें...
यह तो रस्म-ए-यारी रही


दिल कभी दिल से जुदा नही होते,
यूही हम किसी पर फिदा नही होते,
प्यार से बड़ा तो दोस्ती का रिश्ता है,
क्यूकी दोस्त कभी बेवफा नही होते…


गुनाह करके सजा से डरते हैं,
ज़हर पी के दवा से डरते हैं,
दुश्मनों के सितम का खौफ नहीं हमें,
हम तो दोस्तों के खफा होने से डरते है।


दोस्ती करो तो धोका मत देना,
किसी को आशाओं का तोहफा मत देना,
दिल से रोए कोई तुम्हे याद करके,
ऐसा कभी किसी को मोका मत देना.”


एक दिन हम भी कफ़न ओढ़ जाएँगे…..
हर एक रिश्ता इस ज़मीन से तोड़े जाएँगे……
जितना जी चाहे सतालो यारो……
एक दिन रुलाते हुए सबको छोड़ जाएँगे……


कुछ लोग यादो को दिल की तस्वीर बनाते है,
दोस्तो की यादों में महफ़िल सजाते है,
हम थोड़े अलग है,
जो किसीकि याद आने से पहले उनको अपनी याद दिलाते है


आपकी दोस्ती को एहसान मानते है
निभाना अपना ईमान मानते है
लेकिन हम वो नही जो दोस्ती मे अपनी जान दे देंगे
क्यों की दोस्तो को तो हम अपनी जान मानते है.


दर्द-ए-दिल जुदाई सहना आहसान नही होता,
कीमती चीज़ का हर कोई काबिल नही होता
यह तो रब की मेहेरबानी है,
वरना दोस्त हर किसी के नसीब मैं नही होता


ज़िंदगी क तूफ़ानो का साहिल है तेरी दोस्ती
दिल के अरमानो की मंज़िल है तेरी दोस्ती


अगर जवाब दोगे तो बात करेंगे
नही दोगे तो इंतेज़ार करेंगे ,
दोस्ती की है आपसे इसलिए मरते दम तक
आप को हर पल याद करेंगे .


दोस्ती इम्तिहान नही विश्वास मांगती है,
नज़र और कुछ नही दोस्त का दीदार मांगती है,
ज़िंदगी अपने लिए कुछ नही पर आपके लिए,
दुआ हज़ार मांगती है…


बहुत खूबसूरत है यह साथ तुम्हारा,
बना दीजिए इससे किस्मत हमारी,
उसे और क्या चाहिए दुनिया मे,
मिल गयी हो जिसे दोस्ती तुम्हारी....


दोस्ती नज़रों से हो तो उससे कुद्रत कहते है,
सितारों से हो तो जन्नत कहते है,
आँखों से हो तो मोहब्बत कहते है,
और दोस्ती आप से हो तो किस्मत कहते है…


अच्छा दोस्त एक फूल की तरह होता हे
जिसे हम छोड़ भी नही सकते ओर तोड़ भी नही सकते ,
तोड़ दिया तो मुरझा जाए गा और
छोड़ दिया तो कोई और ले जाए गा ..


यकीन पे यकीन दिलाते हैं दोस्त,
राह चलते को बेवकूफ़ बनाते हैं दोस्त,
शरबत बोल के दारू पिलाते हैं दोस्त,
पर कुछ भी कहे साले बहुत याद आते हैं दोस्त.


वक्त बदल जाता है जिंदगी के साथ
जिंदगी बदल जाती है वक्त के साथ
वक्त नहीं बदलता दोस्तों के साथ
बस दोस्त बदल जाते हैं वक्त के साथ…


कभी अनकही बातों की अदा है दोस्ती,
कभी गम की दवा है दोस्ती,
कमी है पूजने वालों की,
वरना ज़मीन पर खुदा है दोस्ती.


हकीकत मोहब्बत की जुदाई होती है
कभी कभी प्यार में बेवफाई होती है ,
हमारे तरफ हात  बढ़ाके कर तो देखो
पता चलेगा के दोस्ती में कितनी सच्चाई होती है। 


यूँ तो महफिलें कभी उदास नही होती
दोस्ती की मंज़िल पास नही होती
पर होता है ज़िंदगी में कभी-कभी ऐसा भी
मिल जाते हैं वो जिन की आस नही होती…


हमसे दोस्ती निभाते रहना
हर मोड़ पर आज़माते रहना,
लेकिन दूर कभी मत होना,
चाहे सारी उम्र भर सताते रहना .


दोस्ती किसी की रियासत नही होती,
ज़िंदगी किसी की अमानत नही होती,
हमारी सलतनत मैं देख कर क़दम रखना,
क्योकि हमारी दोस्ती की क़ैद मैं ज़मानत नहीं होती…


ज़िंदगी रहे ना रहे,दोस्ती रहेगी,
पास रहे ना रहे,यादें रहेगी,
अपनी ज़िदगी में हमेशा हस्ते रहना,
क्यूंकी आपकी हसी मे 1 मुस्कान मेरी भी रहेगी..


दिल को दिल से चुराया तुमने,
दूर होते हुए भी अपना बनाया तुमने,
कभी भूल नही पाएँगे तुमको ए दोस्त,
क्योंकि दोस्ती करना सिखाया तुमने. ..


इश्क़ और दोस्ती मेरी ज़िंदगी का उंवान है
इश्क़ मेरी रूह और दोस्ती मेरा ईमान है
इश्क़ पे करदो फिदा मे अपनी सारी ज़िंदगी
मगर दोस्ती पर मेरा इश्क़ भी क़ुरबान है

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